के.सी.वर्मा ''कमलेश''

मेरे दिल की बात....सीधा दिल से....आप तक!!!

Pages

  • मुख्यपृष्ठ
शनिवार, 10 अक्टूबर 2009 at 11:07:00 pm | By: कमलेश वर्मा 'कमलेश'🌹
Posted by Picasa
इसे ईमेल करें इसे ब्लॉग करें! X पर शेयर करें Facebook पर शेयर करें

1 comments:

Udan Tashtari ने कहा…

प्रणाम!!

रविवार, अक्टूबर 11, 2009

एक टिप्पणी भेजें

नई पोस्ट पुरानी पोस्ट मुख्यपृष्ठ
सदस्यता लें टिप्पणियाँ भेजें (Atom)

Blog Archive

{ MEHMAAN-DAARI }

Blogger द्वारा संचालित.

Menu

  • AAPKIAANKHEN
  • TECHRAVI
  • jhankar tarang
  • meribhisuno
Page Rank Check www.hamarivani.com

Facebook बैज

Kamlesh Bhagwati Parsad Verma | अपना बैज बनाएं

{ LIVE -MEHMAAN-DAARI }


लोकप्रिय पोस्ट

  • चंद लम्हे ..उस मुलाकत के ...!!!
    चंद लम्हों की मुलाकात बनी सबब जिन्दगी की , ता उम्र साथ मिलता तो क्या बात थी ।! संवर जाती सूरत मेरे आने वाले कल की , ...
  • हम कब के मर गये थे ...!!!
    हम कब के मर गये थे तेरे प्यार मे , अदायगी रसमे - जनाज़ा तो है ज़माने की , पता चल गया होता बहुत पहले , पर तूने कसम ...
  • अपनी मां का ख्याल रखना...!!! ९ मई के सन्दर्भ में ..
    पिता जी की '' अंतिम नसीहत '' ------- आपस में तुम अपने प्यार , एकता , ह़र हाल रखना ' बस तुम सब मिलकर ...
  • इक बार क्या मिला वो...!!!
    इक बार क्या मिला वो , हर दिल अज़ीज़ हो गया , पल दो पल में वो मेरे दिल के , करीब हो गया ॥ अनजान थे जो अब तक , उसके अस...
  • मन का अन्तर्द्वन्ध..किसी कोने से ...!!!
    हिन्दी powered by Lipikaar.com मेरा तन - मन उचाट क्यूँ है ? इस पूरे जहान से , चिड़ियों ने भी समेट लिये , घोंसले मेरे मकान से...
  • जलन -यह -कैसी -जलन ..!!!
    थी चांदनी तारों के आगोश में , देख ! चाँद जल गया ! जलन भी थी इतनी तेज , सूरज भी पिघल गया ! तपिस तेरे मेरे प्यार की ...
  • मन का दर्द ...???
    भाव विह्वल सजल नैनो में , अवसाद भरा , कांपती है आत्मा थर्राती है नभ - धरा । कैसी अनहोनी घटित हुई , है जीवन में , मात्र ...
  • आज तक ....!!! नही मिली ..
    आज तक वो नही मिली , जिसकी दरकार थी , झूठी निकली मेरी तमन्ना , पीड़ मिली हार बार थी ॥ तिनका - तिनका जोड़ परिंदों ने...
  • जन्म -दिन
  • मंजिल
    गर मंजिल हो कठिन , रास्ता दुस्वार हो जाए, , हिम्मत तो आ जायगी , बस किसी से प्यार हो जाए !! प्यार में पार दरिया , कर ...

लिखिए अपनी भाषा में

मेरा पूरा प्रोफ़ाइल देखें

{ JAGTE-RAHO}

MyFreeCopyright.com Registered & Protected
Copyright © 2010 - के.सी.वर्मा ''कमलेश'' - is proudly powered by Blogger.
Theme Design: RayThemz.